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Attitude kya hai:-Types components-examples-in-Hindi

(What is Attitude? Know the Types, Components and Examples of Attitude in Hindi.)

कई बार यह होता है ना कि लोग Attitude और ईगो को एक सा ही समझ लेते हैं। लेकिन आम तौर पर ऐसा है नहीं। Attitude और ईगो के बीच में एक पतली सी लाइन होती है जिसमें लोग फर्क करना भूल जाते हैं या फिर ऐसा कहें कि लोग यही नहीं समझ पाते हैं कि सामने वाला Attitude में है या ईगो में। आपके सभी परेशानियों का हल हम इसी एक आर्टिकल में कर देंगे।Attitude kya hai , Attitude kintne prakar ke Hote hain, Positive attitude and Negative Attitude kya hia , इस बात की हम गारंटी देते हैं कि जबतक आप यह आर्टिकल पढ़कर खत्म करेंगे आपको सबकुछ समझ में आ जाएगा। साथ ही आप यह भी जान पाएंगे कि जब आदमी के अंदर Attitude है तब वह कैसा होता है और जब उसके अंदर ईगो होता है तब वह कैसा बन जाता है। 

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सबसे पहले एट्टीट्यूड का मतलब जान लेते हैं।

(What is the meaning of Attitude in Hindi?)

Attituce ko अगर हिंदी में बोलेंगे तो कुछ इस प्रकार से बोलेंगे – मनोभाव या फिर रवैया। क्योंकि यह एक ऐसी चीज है जो आपकी पूरी Personality को reflect करती है। एक लाइन में जाने तो कुछ इस तरह से जान सकते हैं। दो तरह के वाक्य है। पहला है, “मैं इस काम को कर सकता हूँ” और दूसरा वाक्य है “सिर्फ मैं ही इस काम को कर सकता हूँ”। यहाँ पर जो पहला वाक्य है वहां पर आपका Attitude है वहीं दूसरे वाले वाक्य में आपका ईगो। और यहीं पर लोग मात खा जाते हैं। और विस्तार से अगर जानें तो एट्टीट्यूड एक प्रकार का दिमागी खेल है जो आपको Confident बनाता है और हमेशा आपको Positive मोड में रखता है। इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि आप अपने जीवन में आने वाले समस्याओं को आसानी से हल कर लेते हैं। आपका जो Attitude होता है वह आपके जीवन के हर पहलु पर अपना असर छोड़ता है। चाहे वो आपके विचार हो, आपकी ऊर्जा हो, आपकी भावना हो और सबसे बड़ा असर आपके उस काम पर डालता है जो आप करने जा रहे हैं या करने वाले हैं। और यह जो असर है वो हमेशा पॉजिटिव मोड में ही होता है।

(Types of Attitude kya hai in Hindi)एट्टीट्यूड के प्रकार कितने हैं?

एट्टीट्यूड के इतने प्रभाव या फिर असर जो आपने पढ़ा है तो जाहिर सी बात है कि इसके प्रकार भी होते होंगे। जी हाँ, बिलकुल होते हैं। आम तौर पर अगर हम बात करें तो एट्टीट्यूड सिर्फ दो प्रकार के ही होते हैं – पॉजिटिव और निगेटिव। यह बात तो सारी दुनिया को पता है तो फिर आपको यहाँ आने से फायदा क्या हुआ।  फायदा यह हुआ कि इन दो एट्टीट्यूड के साथ में दो और एट्टीट्यूड है जो आपके अंदर होते हैं और बहुत ही कम केस होता है जिसमें वो बाहर निकलता है। तो कुल मिलकर चार प्रकार के एट्टीट्यूड होते हैं।

1. पॉजिटिव एट्टीट्यूड – Positive Attitude

2. निगेटिव एट्टीट्यूड – Negative Attitude

3. न्यूट्रल एट्टीट्यूड – Neutral Attitude

4. रिटायलियेटिव एट्टीट्यूड (प्रतिकारपूर्ण) – Retaliative Attitude 

(Components of Attitude kya hai in Hindi)अब जानते हैं अटिट्यूड्स के अंगों के बारे में।

1.  पॉजिटिव एट्टीट्यूड (Positive Attitude) – दोस्तों, यह एक ऐसा हथियार है जिसके बुते आप किसी भी दुश्मन पर विजय प्राप्त कर सकते हैं। इस दुश्मन को ढूंढने के लिए आपको घर से बाहर नहीं निकलना पड़ेगा। यह वो दुश्मन हैं जो आपके भीतर होते हैं। आपके जीवन में दिनभर के क्रियाकलापों को सफलतापूर्वक पूरा करने में इसका अहम् योगदान होता है। यह आपके अंदर से नकारात्मकता को बाहर निकालता है और आपको खुशियां देता है, आपके सपनों को अंधेरों से उजाले में लाता है और आपको एक सफल व्यक्तित्व के तौर पर दुनिया के सामने रखता है।

2. निगेटिव एट्टीट्यूड (Negative Attitude kya hai) – जिस दिन आपके अंदर लोगों को यह दिख जाता है ना, उसी दिन से लोग आपको तुच्छ समझने लगते हैं। आप समाज में तिरस्कार का विषय बन जाते हैं। और यह सब इसीलिए होता है क्योंकि आप किसी भी चीज को पॉजिटिव तरीके से ना ही सोचते हैं और ना ही करते हैं। वो लोग जो अपने जीवन में कुछ हासिल करना चाहते हैं या कुछ बनना चाहते हैं वो कभी भी आपके साथ उठना-बैठना नहीं चाहेगा। निगेटिव एट्टीट्यूड वाले सभी लोगों के साथ एक कॉमन सी बात होती है कि वो भविष्य देखने लगता है। मसलन मैं कहूँ कि मुझे इस परीक्षा में पास होना है और मई होकर रहूँगा तो वो बोलेगा कि ऐसा तो कभी संभव ही नहीं है। यही कारण है कि लोग उनसे दूर ही रहना पसंद करते हैं।

3. न्यूट्रल एट्टीट्यूड (Neutral Attitude kya hai) – ये होते हैं काम के ना काज के और दुश्मन अनाज के। इनको पॉजिटिव और निगेटिव से कुछ फर्क नहीं पड़ता है। इनको बस खाने दो और सोने दो। इन जैसे लोग वो होते हैं जो जिंदगी को जीते नहीं बल्कि काटते हैं। ये जिनके साथ भी रहते हैं उनके ऊपर बोझ बनकर ही रहते हैं।

4. रिटायलियेटिव एट्टीट्यूड (प्रतिकारपूर्ण) (Retaliative Attitude kya hai) – यह नॉर्मली एक ऐसा मनोभाव है जो हर किसी में नहीं बल्कि किसी-किसी में दिखता है। इस तरह के लोग हमेशा अपने मन में बदले कि भावना को रखते हैं। यह बेहद खतरनाक और विनाशक प्रवृति के लोग होते हैं। अगर किसी नेक काम  से सोसायटी का भला भी हो रहा हो तो ऐसे लोग उसे अपने स्वार्थ के लिए होने भी नहीं देते। इस तरह का एट्टीट्यूड का होना व्यक्तिगत और सामजिक दोनों प्रकार से हानिकारक है।

पॉजिटिव और निगेटिव एट्टीट्यूड का मतलब क्या होता है?

(Positive and Negative Attitude Meaning in Hindi)

उम्मीद करते हैं कि ऊपर लिखी हुई बातें आपको अच्छे से समझ में आ गयी होगी लेकिन फिर भी अगर कुछ कसर बाकी रह गयी है तो हम यहाँ पूरी कर देते हैं। सबसे आसान भाषा में समझे तो पॉजिटिव और निगेटिव दिमाग की एक ऐसी अवस्था है जिसमें पहली अवस्था में आप कुछ अच्छा और सकारात्मक सोचते हैं और चीजों के प्रति आशावादी रहते हैं। वहीं दूसरी में बिलकुल इसके उल्टा होता है।

एट्टीट्यूड पर बातें तो इतनी सारी हो गयी, लेकिन इसको बोलेंगे कैसे?

(How to pronounce Attitude in Hindi?)

आसान है। वैसे हमने पहले भी इसका ज़िक्र किया है लेकिन अभी भी बताने से हमारा कोई घाटा नहीं होने वाला। इसको अगर हिंदी में बोले तो कुछ इस तरह के शब्दों का इस्तेमाल कर सकते हैं – रवैया, मनोभाव, स्वाभाव या फिर प्रकृति। इंग्लिश में बोलना हो तो – एट्टीट्यूड या फिर एट्टीट्यूड दोनों शब्द का इस्तेमाल कर सकते हैं।

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2 Comments

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